माधव तुम अपराधी हो

दिनकर के सवाल माधव तुम अपराधी होराधेय के तुम घाती हो अर्जुन की खातिर माधव, तुमनेराधेय की बलि चढ़ाई है पार्थ-मोह में अंधे हो तुमने,दिनकर की ज्वाला भड़काई है क्या … Read more

सब ले गए तुम 

सब ले गए तुम, तो यादें भी ले जाते तारों संग मेरे रतजगे भी ले जाते नींद जब ले ही गए तो बातें…सपने…सूनापन भी ले जाते ……………. खुशबू तो साथ … Read more

नज़रों की छुअन

बादल पूछते नहीं, हवाओं से पता अपना पहुंच जाते हैं, जिस ठौर भी बरसना होता है …… हालात बदल देते हैं सीरत सूरत की नजरें बेपरवाह भी इशारा समझ लेती है … Read more

शाम संग खेलूं होरी

यमुना के जल में रंग नहीं डारो सखी… डूबना नहीं है मुझे रंगना है होरी सखी… रंग, रंग डारो सखी ऐसे नहीं टालो सखी रंग नहीं घोरना मुझे रंग में … Read more

मैं रेत हूं

घुल जाऊं तो कांच हूं टकराऊं तो चट्टान रिसता रहूं तो समय हूं  रिस जाऊ तो काल  मैं रेत हूं  समय बदल देता हूं …………. नहर, नदी, झील, सागर से … Read more

दिल का मर्ज

नब्ज थाम कर दर्द की दवा लिख दी  हाथ दिल पर रखता तो इलाज हो जाता ……. मेरा तबीब मेरा हिसाब कर देता है नुस्खा नहीं बताता पर दिल की बात … Read more

डूबने दे

सतह पर सब कुछ धुंधला है तह पर पहले उतरने दे अभी डूब रहा हूं डूबने दे ………….. आंखें मूंद कर देखूं तुझको वह अंतर्यात्रा करने दे अभी डूब रहा … Read more